अमेरिका के इस शहर में लोगों ने खुद को घरों में कैद किया, रेस्टोरेंट, मॉल खुले लेकिन नहीं पहुंच रहा कोई, रोजाना 30 हजार छात्र लाइव कॉन्फ्रेंसिंग से क्लास अटेंड कर रहे

वॉशिंगटन के पुल्मन सिटी से अर्जक भट्‌टाचार्जी की रिपोर्ट. पूरी दुनिया कोरोना से जंग लड़ रही है। बड़े-बड़े देश एक झटके में तबाह हो गए। अमेरिका भी इससे संघर्ष कर रहा है। लेकिन पूरी दुनिया की नजर भारत पर है। क्योंकि चीन के बाद भारत की आबादी सबसे ज्यादा है। हर किसी को डर है कि सही समय पर रोकथामनहीं हुआतो कुछ ही दिनों में भारत की स्थिति चीन और इटली से भी भयावह हो जाएगी। ऐसा इसलिए भी क्योंकि चीन और इटली की अपेक्षा भारत में संसाधन काफी कम है। संकट की इस घड़ी में भारत को अमेरिका के पुल्मन सिटी से सीख लेनी चाहिए। दुनिया भर में यह कॉलेज सिटी के नाम से फेमस है।60 हजार की आबादी वाले इस शहर में 30 हजार छात्र हैं। 70 फीसदी आबादी युवाओं की है। खतरा यहां भी है लेकिनसरकार ने यहां लॉकडाउन की घोषणा नहीं की है। मॉल, रेस्टोरेंट सब कुछ खुलेहैं। लेकिन पहले की तरहलोगों की भीड़ नहीं जुट रही है। कारण कि लोग घरों से नहीं निकल रहे हैं। मानों सभी नेखुद को घरों में कैद कर लिया हो।जिम्मेदार नागरिक की तरह सोशल डिस्टेंसिंग मेंटेन करने के लिए। हमेशा पार्टी और मस्ती करने वाला युवावर्ग भी घरों से नहीं निकल रहा। यूनिवर्सिटी-कॉलेज बंद है लेकिन छात्रोंकी पढ़ाई नहीं रूकी। नियमित सभी की क्लासेज वर्चुअली होती हैं। तय शेड्यूल से प्रोफेसर लाइव क्लास चलाते हैं।

रेस्टोरेंट खुले होने के बावजूद लोग नहीं जा रहे। जरूरत पड़ने पर होम डिलीवरी की सुविधा का लाभ ले रहे।

लोगों ने पार्क में बैरिकेटिंग्स की
शहर में 13 पार्क हैं लेकिन अब सब खाली रहता है। स्थानीय लोगों ने इसमें बैरिकेटिंग्स कर दी है। झूले को कवर कर दिया है। सड़कों पर सन्नाटा रहता है। जरूरत पड़ने पर ही लोग घरों से निकलते हैं। रेस्टोरेंट खुले हैं लेकिन लोग खाने का सामान बाहर से ही लेकर चले जाते हैं। 24 घंटे जरूरी सामानों की होम डिलीवरी की सुविधा है। वॉल मॉर्ट खुला होने के बावजूद खाली रहता है।

पुल्मन में स्थानीय लोगों ने पार्क को खुद से ही कवर कर दिया है।

पुलिस की जरूरत नहीं पड़ती
भारत में पूरी तरह से लॉकडाउन किया गया है। इसके बावजूद हजारों की संख्या में लोग सड़कों पर हैं। लोगों को रोकने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ता है लेकिन पुल्मन में ऐसा नहीं है। लोगों ने खुद ही सोशल डिस्टेंसिंग मेंटेन कर रखी है। न तो कोई पार्टी होती है और न ही कोई फंक्शन। साफ-सफाई का भी लोग खुद ही ध्यान देते हैं।

पुल्मन में मेडिकल सुविधा काफी तेज है। इमरजेंसी नंबर डायल करने के 5 मिनट में एंबुलेंस पहुंच जाती है।

5 मिनट में एंबुलेंस की सुविधा
सभी छात्रों और स्थानीय लोगों को कोरोनावायरस के प्रति जागरूक किया गया है। लगातार टेस्टिंग होती है। इसके बावजूद अगर किसी की तबियत खराब होती है तो वह इमरजेंसी नंबर 911 पर कॉल करता है। 5 मिनट के अंदर एंबुलेंस और डॉक्टर पहुंच जाते हैं।

भारत सहित इन देशों के छात्रों की संख्या अधिक
वॉशिंगटन स्टेट यूनिवर्सिटी होने की वजह से छात्रों के बीच पुल्मन का काफी क्रेज है। इसके अलावा यहां कई अंतरराष्ट्रीय स्तर के रिसर्च लैब, इंजीनियरिंग लैब, साइबर सिक्योरिटी लैब है। पुल्मन में भारत के अलावा चीन, बांग्लादेश, साउथ कोरिया, पाकिस्तान, नेपाल जैसे देशों के छात्रों की संख्या अधिक है।

वॉशिंगटन स्टेट यूनिवर्सिटी में 20 हजार से ज्यादा छात्र हैं लेकिन इन दिनों यहां सन्नाटा पसरा हुआ है।


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In this city of America, people imprisoned themselves in homes, restaurants, malls are open but no one is reaching, 30 thousand students attend class with live conferencing daily.


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