जबरन धर्मपरिवर्तन का एक और मामला आया, अब सिंध प्रांत में हिंदू जोड़े को इस्लाम कुबूल करवाया

पाकिस्तान में जबरन धर्मांतरण का एक और मामला सामने आया है। सिंध प्रांत के नवाबशाह शहर में एक मस्जिद में हिंदू जोड़े को जबरन इस्लाम कुबूल करवाया गया है। शुक्रवार को स्थानीय मीडिया में इसकी खबर सामने आई है। स्थानीय मस्जिद के इमाम, हामिद कादरी ने दोनों के धर्म परिवर्तन की , जबकि पाकिस्तान में मुस्लिम धार्मिक संगठन जमात अहले सुन्नत के नेता, जो बरेलवी आंदोलन का प्रतिनिधित्व करते हैं, भी मौजूद थे।
रिपोर्ट के मुताबिक स्थानीय मस्जिद के इमाम हामिद कादरी ने दोनों का धर्मपरिवर्तन कराया। इस दौरान मुस्लिम धार्मिक संगठन ‘जमात अहले सुन्नत’ के नेता भी मौजूद थे। जमात अहले सुन्नत बरेलवी मूवमेंट को रिप्रेजेंट करता है। धर्मपरिवर्तन के बाद जोड़े को रुपये भी दिए गए।

सिंध में हर साल करीब 1000 हिंदू लड़कियों का होता है अपहरण
पाकिस्तान में अक्सर जबरन धर्म परिवर्तन के मामले सामने आते रहते हैं, लेकिन हाल ही में ये मामले कुछ ज्यादा बढ़ गए हैं। अमेरिका में सिंधी फाउंडेशन के मुताबिक यहां सिंध प्रांत में हर साल करीब 1000 हिंदू लड़कियों (उम्र 12 से 28 साल के बीच) का अपहरण किया जाता है। उनका जबरन इस्लाम कुबूल करवाकर मुस्लिमों से शादी करवा दी जाती है।

हिंदू, सिख, इसाई और अहमदियाओं पर होते हैं अत्याचार
पाकिस्तान कई मौकों पर अल्पसंख्यक समुदायों की रक्षा का वादा किया है। हालांकि, अल्पसंख्यकों पर बड़े पैमाने पर अत्याचार एक अलग ही कहानी बयां करते हैं। पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के साथ भेदभाव होता रहा है। उनके साथ हिंसा, हत्या, अपहरण, बलात्कार, जबरन धर्म परिवर्तन सबकुछ होता है।पाकिस्तान में हिंदू, ईसाई, सिख, अहमदिया, और शियाओं को बहुत मुश्किलें झेलनी पड़ती हैं।



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पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के साथ भेदभाव होता रहा है। यहां हिंदू, सिख, इसाई और अहमदियों को हिंसा का सामना करना पड़ता है।


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